हरिद्वार। सरकारी क्षेत्रों के निजीकरण पर रोक और अन्य निजी क्षेत्र में एससी, एसटी, ओबीसी, मिनोर्टी को आरक्षण, युवाओं को रोजगार एवं किसान विरोधी विधेयकों को रद्द करने को लेकर भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। जिसके बाद कार्यकर्ताओं ने सिटी मजिस्ट्रेट के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।
इस अवसर पर भीम आर्मी विधानसभा अध्यक्ष विशाल प्रधान ने बताया कि आज पूरे देशभर में यह आंदोलन किया जा रहा है, भीम आर्मी के प्रमुख और आजाद समाज पार्टी के संयोजक चंद्रशेखर आजाद द्वारा यह आह्वान किया गया था कि 24 सितम्बर को सभी जिलों में ज्ञापन के माध्यम से अपनी मांगें राष्ट्रपति तक पहुंचाई जाए। उसी कड़ी में उनके द्वारा ज्ञापन सौंपा गया है। विदित हो कि राष्ट्रहित की भावना को ध्यान में रखते हुए सरकारी संस्थाओं, उपक्रमों, विभागों का निजीकरण तत्काल प्रभाव से रोका जाए। निजी क्षेत्रों में अनुसूचित जाति और अन्य पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक समुदाय का आनुपातिक प्रतिनिधित्व को सुनिश्चित किया जाए। लैटरल इंट्री आउट सोर्सिंग एंव सविधा जैसी छात्र विरोधी नीतियों को त्याग कर छात्र युवाओं को रोजगार सुनिश्चित किया जाए। सफाई कर्मियों की स्थाई अस्थाई नियुक्ति को तत्काल प्रभाव से स्थाई नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। वर्तमान सत्र में पास किए गए तीनों किसान विरोधी विधेयकों का तत्काल प्रभाव से रद्द किया जाए भीम आर्मी की मांगे हैं।
